कश्मीर में कई दिनों से लगातार आतंकी घटनाएं सामने आ रही हैं। आतंकी लगातार आम आदमियों को निशाना बना रहे हैं। आतंकियों द्वारा हो रही टार्गेट कीलिंग पर अब लोगों में गुस्‍सा भी है। वहीं राजनीतिक गलियारों में भी इन हत्‍याओं की जमकर निंदा हो रही है।
शिव सेना के संजय राऊत ने इन हत्‍याओं पर प्रतिक्रिया देते हुए एएनआई से कहा कि राज्‍य में हालात काफी खराब हो गए हैं। बिहार के लोगों, सिखों और कश्‍मीरी पंडितों को निशाना बनाया जा रहा है। जब पाकिस्‍तान की बात होती है तो सरकार सर्जिकल स्‍ट्राइक की बात करने लगती है। फिर ये चीन के लिए भी हो सकती है। रक्षा मंत्री और गृह मंत्री को देश को ये बताना चाहिए कि जम्‍मू कश्‍मीर और लद्दाख में क्‍या हालात हैं।
बता दें कि दक्षिण कश्मीर के कुलगाम में आतंकियों ने रविवार को दो लोगों की हत्‍या कर दी थी। ये दोनों ही बिहार के थे, जो वहां पर मजदूरी कर पैसे कमाने गए थे। इन लोगों की हत्‍या पर बिहार के मुख्‍यमंत्री नीतीश कुमार ने गहरा दुख जताया है। उन्‍होने घटना के बाद जम्मू-कश्मीर के राज्यपाल से फोन पर बात भी की है। उन्‍होंने इस हमले में मारे गए बिहार के राजा ऋषिदेव और योगेंद्र के परिजनों को मुख्यमंत्री राहत कोष से 2-2 लाख रूपये देने की घोषणा भी की है।
इसके अलावा इस मुद्दे पर राज्‍य के पूर्व राज्‍यपाल सत्यपाल मलिक ने कहा है कि जब वो यहां के राज्‍यपाल थे तो श्रीनगर के 50 किमी के दायरे में घुसने की हिम्‍मत आतंकी नहीं कर पाते थे। राज्‍य की पूर्व मुख्‍यमंत्री महबूबा मुफ्ती ने इन हत्‍याओं की निंदा की है। अपने एक ट्वीट में उन्‍होंने लिखा है कि निर्दोष नागरिकों पर बार-बार होने वाले बर्बर हमलों की निंदा करने के लिए उनके पास पर्याप्त शब्द नहीं हैं। मेरा दिल उनके परिवारों के लिए है क्योंकि वे सम्मानजनक आजीविका कमाने के लिए अपने घरों की सुख-सुविधाओं को छोड़ देते हैं। बहुत दुखद
इन हत्‍याओं की निंदा करते हुए राज्‍य के पूर्व मुख्‍यमंत्री उमर अब्‍दुल्‍लाह ने अपने ट्वीट में लिखा था कि घाटी से फिर एक और बुरी खबर आई है। दक्षिण कश्‍मीर के कुलगाम जिले में दो लोगों (राजा और जोगिंदर ऋषि देव) की हत्‍या कर दी गई है। मैं उनकी आत्‍मा की शांति के लिए दुआ करता हूं और इसकी कड़ी निंदा करता हूं। अपने एक और ट्वीट में उन्‍होंने पुलवामा में आतंकियों के हाथों मारे गए सगीर अहमद की हत्‍या की भी निंदा की है। उन्‍होंने लिखा है कि सगीर पैसा कमाने के लिए यहां पर आए थे। उन्‍होंने राज्‍य की आंतरिक सुरक्षा पर भी चिंता जताई है।